Sultan Ul Hind Ki Chokhat Par Taqdeer Banane Aaya Hoon Lyrics
सुल्तान-उल-हिन्द की चौखट पर तक़दीर बनाने आया हूँ सुल्तान-उल-हिन्द की चौखट पर तक़दीर बनाने आया हूँ अफ़्साना-ए-दर्दे-हिज्रो-अलम रो रो कर सुनाने आया हूँ क्या भूल हुई आख़िर मुझ से, क्यूँ ख़्वाब में आना छोड़ दिया रूठे हुए अपने ख़्वाजा को मैं आज मनाने आया हूँ क्या पेश करूँ, क्या नज़र करूँ, सरकार! किसी क़ाबिल ही … Read more